गैस के बाद तेल-सब्जियों ने चिंता बढ़ाई, भोजन की थाली भी महंगी

ख़बर शेयर करें

हल्द्वानी, अमृत विचार। घरेलू एलपीजी के बढ़ते संकट के साथ ही खाद्य सामग्रियों और सब्जियों की बढ़ती कीमतों से आम जनता पर दोहरी मार पड़ी है। खाने के तेल की कीमतों में बढ़ोत्तरी हुई है। जिसका सीधा असर घर की रसोई पर पड़ा है। अधिकांश सब्जियों की कीमतें पहले से बढ़ी हुई हैं, जिनमें किसी तरह की गिरावट नहीं आई है। जबकि कई सब्जियों के दाम और बढ़े हैं।

कुछ दिनों पूर्व टमाटर का थोक रेट 8 से 10 रुपए प्रति किलो था, जो अब बढ़कर 20 से 30 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गया है। इसी तरह आलू और प्याज की कीमतें भी बढ़ी हैं। लौकी, फूलगोभी, भिंडी जैसी आम सब्जियों की कीमतें भी कम नहीं हुई हैं। इस तरह महंगाई बढ़ने से आम आदमी की भोजन की थाली महंगी हो गई है। हैरानी की बात है कि कई जरूरी खाद्य सामग्रियों और सब्जियों के थोक भाव स्थिर होने के बाद भी लोग रिटेल में बढ़ी कीमतों पर सामान खरीदने को मजबूर हैं। स्थानीय थोक और खुदरा बाजार में इन दिनों खाद्य सामग्रियों के दाम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। 

You cannot copy content of this page