नैनीताल में बाहरी व्यक्तियों का पुलिस सत्यापन बहुत जरूरी, धर्म बदलकर रह रहे है
नैनीताल। आगामी पर्यटन सीजन और सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस प्रशासन ने नैनीताल में बाहरी व्यक्तियों, किरायेदारों और व्यावसायिक कर्मचारियों का पुलिस सत्यापन अनिवार्य कर दिया है। पुलिस सत्यापन वैसे हर तीसरे महीने किया जाना चाहिए ताकि पता चल सके कि कितने शातिर लोग अपनी पहचान छिपाकर किसी अपराध की तलाश में है
इस मामले में नन्दा टाइम्स ने समाचारो से अवगत कराया है कि जनपद में बाहरी लोग अपनी पहचान छिपाकर रह रहे है
पुलिस अधीक्षक डॉ. जगदीश चंद्रा ने बताया कि पुलिस जल्द ही एक सघन सत्यापन अभियान शुरू करेगी। नैनीताल एक प्रमुख पर्यटन केंद्र है। सीजन के दौरान यहां होटलों, रेस्टोरेंट्स और अन्य व्यापारिक इकाइयों में बड़ी संख्या में बाहरी कर्मचारी रखे जाते हैं। इन सभी का रिकॉर्ड सुरक्षा के लिए अनिवार्य है।
. चंद्रा ने चेतावनी दी कि यदि कोई मकान मालिक या व्यापारी अपने किरायेदारों या कर्मचारियों का सत्यापन नहीं कराता है तो उसके खिलाफ पुलिस अधिनियम के तहत भारी चालान और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नागरिक अपनी सुविधा अनुसार ऑनलाइन पोर्टल या नजदीकी थाने में जाकर ऑफलाइन माध्यम से यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
