संपत्ति भर्ती घोटाले से अर्जित अवैध कमाई से खरीदी गई थी
हाकम सिंह रावत ने अभ्यर्थियों से करीब 95 लाख रुपये लिए
14 ठिकानों पर तलाशी के दौरान महत्वपूर्ण दस्तावेज मिले हैं
देहरादून: उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में ईडी ने मुख्य आरोपी हाकम सिंह की चल-अचल संपत्तियों को अस्थायी तौर पर अटैच किया है। जांच एजेंसी द्वारा 63.30 लाख रुपये की संपत्ति पर धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) 2002 के तहत कार्रवाई की गई है। इसके साथ ही ईडी ने दावा किया है कि यह संपत्ति भर्ती घोटाले से अर्जित अवैध कमाई से खरीदी गई थी।
जानकारी के अनुसार, ईडी ने देहरादून के रायपुर थाने और विजिलेंस सेक्टर में दर्ज एफआईआर के आधार पर अपनी कार्रवाई शुरू की थी। ईडी के मुताबिक, मामले की जांच वर्ष 2021 की स्नातक स्तरीय वीडीओ-वीपीडीओ भर्ती परीक्षा पेपर लीक और वर्ष 2016 की वीडीओ-वीपीडीओ परीक्षा में अनियमितताओं को लेकर दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू हुई थी।
जांच में सामने आया कि हाकम सिंह रावत के नेतृत्व में एक गिरोह ने परीक्षा की प्रिंटिंग एजेंसी आरएमएस टेक्नो साल्यूशन्स प्राइवेट लिमिटेड के कर्मचारियों, कुछ लोक सेवकों, बिचौलियों और अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर गोपनीय प्रश्नपत्र लीक कर भर्ती प्रक्रिया में व्यापक हेर-फेर किया। अभ्यर्थियों से मोटी रकम लेकर उन्हें प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए गए और इसी अवैध कमाई से चल-अचल संपत्तियां खरीदी गईं।